नई दिल्लीकिंग्स इलेवन पंजाब के 2020 इंडियन प्रीमियर लीग में छठे स्थान पर रहने के बावजूद कप्तान के एल राहुल और कोच अनिल कुंबले के साथ बरकरार रहने की संभावना है। टीम के एक सूत्र ने कहा कि मालिक राहुल और कुंबले को 2021 सत्र में भी बरकरार रखना चाहते हैं जिसका आयोजन छह से कम महीने में होगा। इस सत्र में पहली बार टीम की कप्तानी करने वाले राहुल ने 55.83 के औसत से 670 रन बनाकर बल्ले से अच्छा प्रदर्शन किया। फ्रैंचाइजी के साथ कुंबले का पहला सत्र था। पंजाब की टीम कभी भी संतुलित इकाई नहीं रही थी लेकिन उसे आखिरकार खिलाड़ियों का कोर ग्रुप मिल गया है जिसके साथ वह एक टीम बना सकता है। इस ग्रुप में राहुल, मयंक अग्रवाल, निकोलस पूरन, मोहम्मद शमी, क्रिस गेल और युवा जैसे रवि बिश्नोई और अर्शदीप सिंह शामिल हैं। प्रबंधन मध्यक्रम में कुछ कमियों को दूर करना चाहता है और गेंदबाजी विभाग में भी जो कई वर्षों से उसके लिए परेशानी का कारण रहा है। सूत्र ने कहा, ‘मालिक कप्तान और कोच से खुश हैं। राहुल का बल्ले से प्रदर्शन शानदार रहा और टीम ने सत्र के दूसरे हाफ में शानदार वापसी की। अगर दिल्ली कैपिटल्स के खिलाफ पहले मैच में शार्ट रन नहीं हुआ होता तो टीम प्ले ऑफ में भी पहुंच सकती थी।’ उन्होंने कहा, ‘अच्छी बात यह है कि कोर ग्रुप मिल गया है। मध्यक्रम में कमियों को दूर करने की जरूरत है जिसमें टीम को पॉवर हिटर खिलाड़ियों की जरूरत है और साथ ही शमी की मदद के लिए एक विश्व स्तरीय तेज गेंदबाज की जरूरत है।’ टीम ने ग्लेन मैक्सवेल (10.75 करोड़ रुपये) और शेल्डन कॉटरेल (8.5 करोड़ रुपये) जैसे खिलाड़ियों पर काफी खर्चा किया है लेकिन दोनों ही कुछ खास नहीं कर पाए विशेषकर आस्ट्रेलियाई खिलाड़ी जिसने 15.42 के औसत से 13 मैचों में 108 रन बनाए। टीम ने 2017 में मैक्सवेल के जाने के बाद दोबारा से टीम में शामिल किया था। सूत्र ने कहा, ‘उनका प्रदर्शन उम्मीद के अनुरूप नहीं रहा और उनके साथ जारी रहना मुश्किल होगा।’ टीम की समीक्षा बैठक में इनके भविष्य पर भी फैसला किया जाएगा।
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