पाकिस्तान के दिग्गज क्रिकेटर जहीर अब्बास आज अपना 73वां जन्मदिन मना रहे हैं। 24 जुलाई, 1947 को पंजाब के सियालकोट शहर (अविभाजित भारत) में हुआ था। धांसू बैटिंग के लिए मशहूर अब्बास को एशिया का डॉन ब्रैडमैन भी कहा जाता है। बहुत कम लोग जानते हैं कि अब्बास के पैदा होने के 20 दिन बाद ही भारत का बंटवारा हुआ और एक अलग देश पाकिस्तान अस्तित्व में आ गया। आइए जानें, उनसे जुड़े फैक्ट्स और रेकॉर्ड...पाकिस्तानी दिग्गज क्रिकेटर ने भारतीय महिला से शादी की। एशिया के ब्रैडमैन कहे जाने वाले अब्बास की भारतीय रीता लूथरा से मुलाकात इंग्लैंड में हुई। रीता वहां इंटीरियर डिजाइन की पढ़ाई कर रही थीं और जहीर इंग्लिश काउंटी ग्लॉस्टरशर के लिए खेल रहे थे। शादी के बाद रीता ने इस्लाम कबूल कर अपना नाम साइमा अब्बास कर लिया। दोनों अब कराची में रहते हैं।
उल्लेखनीय है कि जहीर पहले से ही अपनी ही रिश्तेदार नसरीन से निकाह में थे। उनसे तीन बेटियां हुईं। भारतीय रीता लुथरा से लंदन में मुलाकात के बाद जहीर ने पहली पत्नी को तलाक दिया और फिर दोनों ने 1988 में शादी की। बताया जाता है कि रीता के पिता केसी लूथरा जहीर के पिता शब्बीर अब्बास के दोस्त थे।
जहीर ने साल 1969 में अपना टेस्ट डेब्यू किया और करियर के दूसरे टेस्ट मैच में ही उन्होंने डबल सेंचुरी ठोक दी। इस मैच में उन्होंने इंग्लैंड के खिलाफ 274 रन बनाए थे। जहीर अब्बास के खेलने का अंदाज काफी हद तक पूर्व महान ऑस्ट्रेलियाई क्रिकेटर सर डॉन ब्रेडमैन की तरह था। इसलिए उन्हें 'एशियन ब्रैडमैन' भी कहा जाता है
1982/83 में उन्होंने लगातार तीन शतक लगाए और वनडे क्रिकेट में ऐसा करने वाले पहले दुनिया के पहले खिलाड़ी बनें। उन्हें क्रिकेट जगत के सबसे अच्छे क्रिकेट खिलाड़ियों में से एक माना जाता है और वह एशिया के ब्रैडमैन भी कहे जाते हैं।
अब्बास ने इंटरनेशनल करियर में 78 टेस्ट मैच खेलकर 44.79 के एवरेज से 5.62 रन बनाए। इस दौरान उन्होंने 12 शतक और 20 अर्धशतक लगाए। इसके अलावा 62 वनडे मैचों में 47.62 के एवरेज से 2572 रन बनाए, जबकि 7 सेंचुरी और 13 हाफ सेंचुरी उनके नाम है। फर्स्ट क्लास क्रिकेट की बात करें तो उनके नाम 459 मैचों में 108 शतक और 158 अर्धशतक समेत 34843 रन दर्ज हैं। इस मामले में सचिन तेंडुलकर और सुनील गावसकर (81-81 शतक) भी उनसे पीछे हैं।
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